
बरेली:नगर फरीदपुर के जाने-माने और लंबे समय से जनसेवा में जुटे चिकित्सक डॉ. राजेंद्र प्रसाद सक्सेना का स्वर्गवास हो गया। उनके निधन की खबर फैलते ही पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। गली-मोहल्लों से लेकर बाजार तक हर जुबां पर एक ही बात थी, फरीदपुर ने आज अपना एक सच्चा हमदर्द खो दिया।डॉ. सक्सेना सिर्फ डॉक्टर नहीं थे, बल्कि जरूरत के वक्त परिवार का सदस्य बनकर सामने खड़े होने वाले इंसान थे। दिन हो या रात, अमीर हो या गरीब, उन्होंने कभी इलाज के नाम पर भेदभाव नहीं किया। यही वजह रही कि लोग उन्हें सिर्फ डॉक्टर नहीं, बल्कि अपना मानते थे।उनके बड़े पुत्र डॉ. पंकज सक्सेना आज भी उसी परंपरा को आगे बढ़ा रहे हैं। शिशु रोग विशेषज्ञ के रूप में पहचान बना चुके डॉ. पंकज वर्षों से अपने पिता के साथ मिलकर फरीदपुर की जनता को चिकित्सकीय सेवाएं देते रहे हैं। वहीं छोटा पुत्र नितिन सक्सेना समाजवादी पार्टी से जुड़े रहकर लंबे समय से राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्र में सक्रिय हैं और जनहित के कार्यों में अपनी भूमिका निभा रहे हैं।डॉ. राजेंद्र प्रसाद सक्सेना का जाना फरीदपुर के लिए ऐसी क्षति है, जिसकी भरपाई आसान नहीं। उनकी स्मृतियां, उनका अपनापन और सेवा भाव लोगों के दिलों में हमेशा जीवित रहेगा।



